नई दिल्ली (बलविंदर सिंह): ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग केस में अल फलाह ग्रुप के अध्यक्ष जवाद अहमद सिद्दीकी (61) की संपत्तियों पर एक और बड़ा एक्शन लिया है। दिल्ली के जामिया नगर में फ्लैट, फरीदाबाद के धौज में एग्रीकल्चरल लैंड, बैंक अकाउंट्स में कैश और FD अटैच कर ली है—सबकी कुल वैल्यू 39.45 करोड़ रुपये। PMLA के तहत ट्रांजेक्शन फ्रीज कर दिया गया है। फिलहाल सिद्दीकी जेल में सड़ रहे हैं।
ये तीसरा झटका है। पहले 140 करोड़ की यूनिवर्सिटी लैंड जब्त हो चुकी है। केस उनके एजुकेशनल इंस्टीट्यूट्स में स्टूडेंट्स फ्रॉड से जुड़ा है लेकिन असली कनेक्शन 10 नवंबर 2025 का लाल किला ब्लास्ट है जिसमें 15 लोग मरे थे। अल फलाह यूनिवर्सिटी (फरीदाबाद) ‘व्हाइट कॉलर’ टेरर मॉड्यूल जांच में फंस गई और ED ने स्टूडेंट्स को लुभाने के नाम पर फंड्स कलेक्ट करने का शक जताया है।
लाल किला ब्लास्ट
10 अक्टूबर 2025 को लाल किले के पास IED ब्लास्ट हुआ जिसमें 15 लोगों की मौत हो गई और दर्जनों घायल हुए। NIA-ED ने ‘सफेदपोश’ नेटवर्क खोजा जिसके बाद अल फलाह यूनिवर्सिटी रडार पर आ गया—फर्जी एडमिशन, विदेशी फंडिंग, संदिग्ध स्टूडेंट्स ऐसे तमाम पहलु जांच के दौरान सामने आए। गृह मंत्रालय ने फोरेंसिक ऑडिट ऑर्डर किया और ED को मनी ट्रेल ट्रैक करने का टास्क दिया।
अल फलाह चेयरमैन पर ED का शिकंजा: 39 करोड़ की प्रॉपर्टी अटैच, लाल किले ब्लास्ट से लिंक
